मरम्मत के दौरान हुआ था हादसा, दो गंभीर रूप से झुलसे कर्मचारियों का रायगढ़ में चल रहा उपचार…
सक्ती – सक्ति जिले क्षेत्र के हसौद सब स्टेशन से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां बिजली विभाग की लापरवाही के कारण हुए हादसे को एक सप्ताह बीतने के बाद भी अब तक किसी भी दोषी बिजली कर्मचारी पर कोई कार्यवाही नहीं की गई है। इस घटना को लेकर जनपद सदस्य विजय केशी ने जिला कलेक्टर से शिकायत दर्ज कराते हुए सभी दोषी अधिकारीयों और कर्मचारीयों पर सख्त कार्यवाही की मांग की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीते रविवार 21 सितंबर को हसौद के शासकीय महाविद्यालय के समीप बिजली मरम्मत और मेंटेनेंस का कार्य किया जा रहा था। कार्यरत ठेका कर्मचारियों ने बिजली विभाग से विधिवत अनुमति लेकर लाइन को बंद कर मरम्मत शुरू की थी। इसी दौरान अचानक बिजली आपूर्ति पुनः चालू कर दी गई, जिससे तीन ठेका कर्मी करंट की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गए। इनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है और उनका इलाज रायगढ़ के एक निजी अस्पताल में जारी है। इस हादसे को लेकर स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों में रोष व्याप्त है। जनपद सदस्य विजय केशी ने इस संबंध में कलेक्टर से मुलाकात कर कहा कि विभागीय लापरवाही से मजदूरों की जान पर बन आई, इसके बावजूद अब तक कोई कार्रवाई न होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बिजली विभाग के अधिकारी इस मामले को दबाने की कोशिश कर रहे हैं।

गौरतलब हो कि, घटना के एक सप्ताह बाद भी विभाग की ओर से न तो किसी कर्मचारी को निलंबित किया गया है और न ही कोई आधिकारिक बयान सामने आया है। इससे पीड़ितों के परिवारों में निराशा है और लोगों का भरोसा विभाग पर से उठता जा रहा है। जनपद सदस्य ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों को चिन्हित किया जाए और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
बहरहाल अब देखना यह है कि प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है या फिर यह मामला भी अन्य मामलों की तरह ठंडे बस्ते में चला जाएगा।

